दशेरा तो राम का विजय हुआ था. ज्यादातर लोगो को यही पता है. पर ईश दिन समय पूजन का महत्व है।आज शुभ मुर्हूत में समी नामक वृक्ष की पूजा की जाती है। किसी यात्रा या विजय के लिए सदा पुरे साल सफलता मिले इसी लिए समय पूजन बाद उसके मूल की मिटटी या पान/डाली घर में लेकर घर में रखनी चाहिये । जिसे सुख- संपत्ति की वृद्धि होती है। कल्याण एवं आनंद वृद्धि होती है।